
अयोध्या: अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले के सामने आने के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। अब मंदिर में आने वाले चढ़ावे की गिनती सिर्फ एक शिफ्ट में की जाएगी। नई व्यवस्था के तहत सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक ही दान राशि की गिनती होगी।

सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ाने पर जोर
ट्रस्ट का यह फैसला चढ़ावा चोरी प्रकरण के बाद सुरक्षा व्यवस्था और पारदर्शिता को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इससे पहले अलग-अलग समय पर चढ़ावे की गिनती की जाती थी।
पूर्व सैनिकों को चुप रहने के निर्देश मिलने का दावा
मामले से जुड़ी एक और जानकारी सामने आई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना उजागर होने के बाद मंदिर में सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात पूर्व सैनिकों को किसी भी तरह का बयान न देने के निर्देश दिए गए थे। बताया गया कि एक व्हाट्सऐप ग्रुप के जरिए संदेश भेजकर कहा गया था कि यदि कोई इस मामले में पूछताछ करे तो कोई प्रतिक्रिया न दें।
शेयर बाजार में लगाए जाने का आरोप
सूत्रों के अनुसार, चढ़ावे की कथित चोरी में शामिल आरोपी धनराशि को पहले अपने परिचितों और रिश्तेदारों के खातों में नकद जमा कराते थे। इसके बाद रकम अपने खातों में ट्रांसफर कर शेयर बाजार में निवेश करने का आरोप है, ताकि पैसों के स्रोत को छिपाया जा सके। हालांकि, इन दावों की जांच एजेंसियां कर रही हैं।
जून 2026 में सामने आया था मामला
राम मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी का मामला जून 2026 में सामने आया था। जांच के दौरान पुलिस ने 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। मामले के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने अपने पद से इस्तीफा दिया था, जिसे ट्रस्ट की बैठक में स्वीकार कर लिया गया।
इस घटना के बाद देशभर में मंदिर की व्यवस्था और चढ़ावे की सुरक्षा को लेकर चर्चा तेज हो गई थी। अब ट्रस्ट ने नई व्यवस्था लागू कर निगरानी और पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में कदम उठाया है।




