Bareilly News: बरेली के शिक्षक रजनीश गंगवार को कॉलेज परिसर में प्रार्थना स्थल पर बच्चों के सामने ‘तुम कांवड़ लेने मत जाना… ज्ञान का दीप जलाना’ गीत गाना भारी पड़ गया। गीत गाते उनका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो हिंदूवादी संगठन के लोगों ने एतराज जताया। उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी।

बरेली के बहेड़ी में महाकाल सेवा समिति की तहरीर पर पुलिस ने एमजीएम इंटर कॉलेज के शिक्षक रजनीश गंगवार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। रजनीश गंगवार का कांवड़ न ले जाने को लेकर एक कविता गाते वीडियो वायरल हुआ था। इसका लोग विरोध कर रहे थे। महाकाल सेवा समिति ने उनके खिलाफ थाने में तहरीर दी थी। जिस पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
यह है पूरा मामला
एमजीएम इंटर कॉलेज के अध्यापक रजनीश गंगवार का वीडियो वायरल होने के बाद से विवाद पनपा है। दरअसल, शिक्षक ने प्रार्थना स्थल पर बच्चों के सामने ‘तुम कांवड़ लेने मत जाना… ज्ञान का दीप जलाना’ गीत गाया था। कई लोग इसे धर्म विशेष की भावनाओं से जोड़कर देख रहे हैं। हिंदूवादी संगठन के लोगों ने एतराज जताकर कार्रवाई की मांग की। वहीं कुछ लोगों ने शिक्षक की बात का समर्थन भी किया है। सोशल मीडिया पर लोग इस गीत के साथ तरह-तरह के कमेंट कर रहे हैं।
एमजीएम इंटर कॉलेज के अध्यापक रजनीश गंगवार का वीडियो वायरल होने के बाद से विवाद पनपा है। दरअसल, शिक्षक ने प्रार्थना स्थल पर बच्चों के सामने ‘तुम कांवड़ लेने मत जाना… ज्ञान का दीप जलाना’ गीत गाया था। कई लोग इसे धर्म विशेष की भावनाओं से जोड़कर देख रहे हैं। हिंदूवादी संगठन के लोगों ने एतराज जताकर कार्रवाई की मांग की। वहीं कुछ लोगों ने शिक्षक की बात का समर्थन भी किया है। सोशल मीडिया पर लोग इस गीत के साथ तरह-तरह के कमेंट कर रहे हैं।
शिक्षक बोले- पढ़ाई के प्रति जागरूक के लिए गाया गीत
इस मामले में शिक्षक रजनीश ने खुद को बेकसूर बताया है। उनका कहना है कि उन्होंने छात्रों को पढ़ाई के प्रति जागरूक करने के लिए यह गीत गाया था, किसी धर्म के विरुद्ध कोई बात नहीं कही है। वहीं डीआईओएस डॉ. अजीत कुमार सिंह ने बताया कि वीडियो के बारे में जांच कराई गई। इसमें शिक्षक से भी स्पष्टीकरण लिया गया है। शिक्षक की मंशा खराब नहीं है। वीडियो पहले का है, किसी ने तूल देने के लिए जानबूझकर सावन के दिनों में इसे वायरल किया है।
इस मामले में शिक्षक रजनीश ने खुद को बेकसूर बताया है। उनका कहना है कि उन्होंने छात्रों को पढ़ाई के प्रति जागरूक करने के लिए यह गीत गाया था, किसी धर्म के विरुद्ध कोई बात नहीं कही है। वहीं डीआईओएस डॉ. अजीत कुमार सिंह ने बताया कि वीडियो के बारे में जांच कराई गई। इसमें शिक्षक से भी स्पष्टीकरण लिया गया है। शिक्षक की मंशा खराब नहीं है। वीडियो पहले का है, किसी ने तूल देने के लिए जानबूझकर सावन के दिनों में इसे वायरल किया है।




