
जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर से होकर गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा करने वाले वाहन चालकों के लिए बड़ी खबर है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने जयपुर-दिल्ली हाईवे, जयपुर-सीकर बाइपास और जयपुर रिंग रोड पर टोल टैक्स की नई दरें लागू कर दी हैं। संशोधित टोल शुल्क आज रात 12 बजे से प्रभावी हो गया है। नई दरों के लागू होने के बाद विभिन्न श्रेणी के वाहनों के लिए 5 रुपये से लेकर 30 रुपये तक टोल शुल्क बढ़ा दिया गया है। इससे रोजाना सफर करने वाले निजी वाहन चालकों के साथ-साथ परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों की जेब पर भी अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।

मनोहरपुर टोल प्लाजा पर बढ़ा शुल्क
जयपुर-दिल्ली ओल्ड हाईवे स्थित मनोहरपुर टोल प्लाजा पर कार, जीप और वैन जैसे निजी वाहनों के लिए टोल शुल्क में 5 रुपये तक की बढ़ोतरी की गई है। वहीं, मिनी ट्रक, हल्के व्यावसायिक वाहन, बस और भारी ट्रकों जैसी श्रेणियों में टोल शुल्क 5 रुपये से 30 रुपये तक बढ़ाया गया है।
इस बदलाव का सबसे अधिक असर उन लोगों पर पड़ेगा जो रोजाना जयपुर और दिल्ली के बीच या आसपास के क्षेत्रों में नियमित रूप से यात्रा करते हैं। परिवहन कंपनियों और मालवाहक वाहनों की परिचालन लागत भी बढ़ने की संभावना है।
शाहजहांपुर टोल प्लाजा पर निजी वाहनों को बड़ा झटका
जयपुर-दिल्ली हाईवे पर स्थित शाहजहांपुर टोल प्लाजा पर निजी वाहनों के लिए सबसे अधिक बढ़ोतरी देखने को मिली है। यहां कार, जीप और वैन का टोल शुल्क 195 रुपये से बढ़ाकर 215 रुपये कर दिया गया है। यानी अब इन वाहनों को एक बार गुजरने के लिए 20 रुपये अतिरिक्त चुकाने होंगे।
व्यावसायिक वाहनों की विभिन्न श्रेणियों के लिए भी टोल शुल्क में संशोधन किया गया है, जिससे लंबी दूरी की माल ढुलाई करने वाले ट्रांसपोर्ट ऑपरेटरों की लागत बढ़ सकती है।
सीकर बाइपास और जयपुर रिंग रोड पर आंशिक राहत
हालांकि, सभी वाहन चालकों के लिए स्थिति एक जैसी नहीं है। जयपुर-सीकर बाइपास के टाटियावास टोल प्लाजा और जयपुर रिंग रोड के सीतारामपुरा (बस्सी) टोल प्लाजा पर निजी वाहनों के टोल शुल्क में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
इन दोनों टोल प्लाजा पर केवल व्यावसायिक वाहनों के लिए नई दरें लागू की गई हैं। ऐसे में कार, जीप और वैन से यात्रा करने वाले आम लोगों को फिलहाल इन मार्गों पर राहत मिलेगी।
परिवहन कारोबार पर पड़ेगा सीधा असर
विशेषज्ञों का मानना है कि टोल शुल्क में बढ़ोतरी का सीधा असर ट्रांसपोर्ट सेक्टर पर दिखाई देगा। मालवाहक वाहनों की परिचालन लागत बढ़ने से परिवहन कंपनियों का खर्च बढ़ सकता है, जिसका असर आगे चलकर सामानों की ढुलाई लागत और बाजार कीमतों पर भी देखने को मिल सकता है।
रोजाना इन मार्गों से आवागमन करने वाले यात्रियों, टैक्सी ऑपरेटरों, बस संचालकों और लॉजिस्टिक कंपनियों को अब पहले की तुलना में अधिक खर्च वहन करना पड़ेगा।
NHAI ने लागू की नई दरें
NHAI की ओर से जारी आदेश के अनुसार, संशोधित टोल दरें संबंधित सभी टोल प्लाजा पर लागू कर दी गई हैं। वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि यात्रा से पहले नई टोल दरों की जानकारी जरूर जांच लें, ताकि टोल प्लाजा पर किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
नई दरों के लागू होने के बाद जयपुर से दिल्ली और अन्य प्रमुख मार्गों पर नियमित यात्रा करने वाले लोगों का मासिक यात्रा खर्च भी बढ़ जाएगा, जिससे आम यात्रियों और परिवहन क्षेत्र दोनों पर आर्थिक प्रभाव पड़ने की संभावना है।




