
फर्रुखाबाद। थाना नवाबगंज पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। करनपुर जसमई मार्ग, सुमनलता डिग्री कॉलेज के पास हुई पुलिस चेकिंग के दौरान टेंपो चालक पुष्पेन्द्र यादव की हत्या के तीन आरोपियों से मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ में पुलिस ने दो आरोपियों के पैर में गोली लगने के बाद उन्हें पकड़कर सीएचसी नवाबगंज में उपचार के लिए भेजा और जिला अस्पताल लोहिया रेफर कर दिया।
थाना नवाबगंज की पुलिस टीम ने मु0अ0सं-240/25 धारा 103(1) बीएनएस के तहत कार्रवाई करते हुए अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में शामिल हैं:
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महाराज सिंह उर्फ पप्पू, पिता बादशाह जाटव, निवासी स्योना, थाना भोगांव, जनपद मैनपुरी, उम्र लगभग 52 वर्ष।
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भारत पुत्र लेखराज शाक्य, निवासी अगोनापुर, थाना अलीगंज, जनपद एटा, उम्र लगभग 51 वर्ष।
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केशराम पाल उर्फ पुत्तन, पिता भीकम सिंह, निवासी न्यामतपुर खेडा, थाना मऊदरवाजा, जनपद फतेहगढ़, उम्र लगभग 32 वर्ष।
घटना की जानकारी के अनुसार, पुलिस करनपुर जसमई मार्ग पर चेकिंग कर रही थी, तभी तीन संदिग्ध व्यक्ति आते दिखाई दिए। पुलिस ने रुकने का इशारा किया, लेकिन आरोपियों ने पुलिस पार्टी पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में महाराज सिंह के बाएं पैर और भारत के दाहिने पैर में गोली लगी।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो तमंचे 315 बोर, तीन जिन्दा कारतूस, एक खोखा कारतूस, एक मिस कारतूस 315 बोर, एक तमंचा 12 बोर, दो जिन्दा कारतूस और एक खोखा कारतूस बरामद किया।
जांच के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया कि 23 सितंबर 2025 को उन्होंने अपने सहयोगी के साथ मिलकर ग्राम न्यामतपुर में टेंपो चालक पुष्पेन्द्र यादव की हत्या की थी। उन्होंने बताया कि वे आज अपने बचे हुए पैसे लेने आए थे, तभी पुलिस ने उन्हें घेर लिया और मुठभेड़ हुई।
पुलिस अधीक्षक डॉ. संजय सिंह ने बताया कि क्षेत्र में सुरक्षा और अपराध नियंत्रण के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। महाराज सिंह उर्फ पप्पू पर पहले भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। सभी विधिक प्रक्रियाएँ जारी हैं।




