
बांदा पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। मेले, कथा, प्रवचन और कलश यात्राओं के दौरान महिलाओं को निशाना बनाकर चेन स्नैचिंग और टप्पेबाजी करने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। इस गिरोह में शामिल 6 महिलाओं समेत कुल 8 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है।
यह कार्रवाई थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा की गई है। पुलिस ने गिरोह के कब्जे से 7 पीली धातु के मंगलसूत्र, एक जंजीर और वारदात में इस्तेमाल की गई अर्टिगा कार बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से धार्मिक आयोजनों और भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों में सक्रिय था।
बताया जा रहा है कि 15 जनवरी 2026 को बांदा शहर में निकाली गई कलश यात्रा के दौरान रामलीला मैदान और रायफल क्लब मैदान में महिलाओं के गले से आभूषण चोरी कर आरोपी फरार हो गए थे। इस घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की।
पुलिस अधीक्षक बांदा पलाश बंसल के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक शिवराज के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी नगर मेविस टॉक के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि अतर्रा रोड बाइपास पर एक संदिग्ध चारपहिया वाहन खड़ा है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर मौके पर दबिश दी और अर्टिगा कार में सवार सभी 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान चौंकाने वाले खुलासे सामने आए।
आरोपियों ने बताया कि वे दो अलग-अलग समूह बनाकर भीड़ में घुसते थे। एक समूह महिलाओं का ध्यान भटकाता था, जबकि दूसरा मौका पाकर गले से मंगलसूत्र और चेन काटकर फरार हो जाता था। यह गिरोह खासतौर पर कलश यात्रा, कथा, भंडारे और मेलों को अपना निशाना बनाता था।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी अगली वारदात को अंजाम देने के लिए मवई चौराहा स्थित कथा पंडाल की ओर जा रहे थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उन्हें दबोच लिया। सभी आरोपी अंतरजनपदीय गिरोह से जुड़े हुए हैं और अन्य जिलों में भी इस तरह की घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं।
“गिरफ्तार अभियुक्त धार्मिक आयोजनों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर महिलाओं को निशाना बनाते थे। इनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है और अन्य जिलों में इनके आपराधिक नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।”
फिलहाल, बांदा पुलिस इस गिरोह से जुड़े अन्य मामलों और इनके नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस की इस कार्रवाई से न सिर्फ महिलाओं ने राहत की सांस ली है, बल्कि धार्मिक आयोजनों में सुरक्षा को लेकर एक बड़ा संदेश भी गया है।




