
रायबरेली, महराजगंज कोतवाली क्षेत्र के मोन गांव में सोमवार दोपहर सनसनी फैल गई, जब डाक विभाग में कार्यरत डाकबाबू रामकुमार के घर के गेट पर एक खौफनाक और खूनी धमकी भरी पर्ची मिली।

पर्ची को सबसे पहले घर की बहू निशा ने देखा, जो दोपहर करीब ढाई बजे घर के बाहर लगे फूलों के पौधे पर टंगी हुई थी। पर्ची में लिखा था:
“आज दस घर में चोरी कारेगे , जितना रखा पाओ रखा लो ,10 घरों में चोरी करेंगे और 15 लोगों की मौत होगी, रात 9:30 बजे चोरी करना स्टार्ट करेंगे और 3:00 बजे बंद होगी , हम 10,000 लोग हैं।”
इस धमकी को देखकर पूरे गांव में दहशत फैल गई। लोग अपने घरों के बाहर इकट्ठा हो गए और आपसी सुरक्षा की चिंता में घबराए हुए नजर आए।
डाकबाबू रामकुमार ने तत्काल पुलिस को लिखित तहरीर दी। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ दिनों से गांव में एक संदिग्ध फेरी वाला घूम रहा था, जो कई बार घरों के आस-पास देखा गया था। इस पर्ची के मिलने के बाद इलाके में सुरक्षा की स्थिति को देखते हुए पुलिस ने गश्त तेज कर दी है।
मोन गांव के कोतवाल जगदीश यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह मामला किसी शरारती तत्व की करतूत लगता है। पर्ची को जब्त कर गहन जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि सुरक्षा की पूरी व्यवस्था की जा रही है और किसी भी स्थिति में पुलिस तत्काल कदम उठाएगी।
ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की धमकी से पूरे इलाके में भय और चिंता का माहौल बन गया है। कुछ ग्रामीणों ने पुलिस से विशेष सुरक्षा की मांग भी की है, ताकि शाम और रात के समय कोई अप्रिय घटना न हो।
यह मामला गांव और आसपास के क्षेत्रों में चर्चा का विषय बन गया है। पुलिस ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे अफवाहों में न आएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें।




