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Sai Sudarshan Out : साई सुदर्शन श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर, पैर की चोट के कारण नहीं मिली फिटनेस मंजूरी

साई सुदर्शन श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर, चोट ने बढ़ाई टीम इंडिया की मुश्किलें; पडिक्कल नंबर-3 पर उतर सकते हैं

नई दिल्ली: श्रीलंका के खिलाफ आगामी दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले भारतीय टीम को बड़ा झटका लगा है। युवा बल्लेबाज साई सुदर्शन चोट के कारण पूरी टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए हैं। बाएं पैर के अंगूठे की चोट से पूरी तरह उबर नहीं पाने के कारण भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड की मेडिकल टीम ने उन्हें टेस्ट क्रिकेट में वापसी की मंजूरी नहीं दी है। सुदर्शन फिलहाल बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैबिलिटेशन से गुजर रहे थे।

सुदर्शन की गैरमौजूदगी में देवदत्त पडिक्कल को पहले टेस्ट में नंबर-3 पर बल्लेबाजी का मौका मिल सकता है। पडिक्कल ने हाल ही में श्रीलंका इलेवन के खिलाफ तीन दिवसीय वॉर्म-अप मुकाबले में शतक लगाकर अपनी दावेदारी मजबूत की है। वहीं, टीम में सुदर्शन की जगह सरफराज खान को शामिल किए जाने की संभावना भी जताई जा रही है। हालांकि, बीसीसीआई की ओर से रिप्लेसमेंट को लेकर अभी आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।

इंडिया-ए के श्रीलंका दौरे पर लगी थी चोट

साई सुदर्शन को पिछले महीने श्रीलंका-ए के खिलाफ दूसरे अनऑफिशियल टेस्ट मैच के दौरान बाएं पैर के अंगूठे में चोट लगी थी। चोट लगने से पहले सुदर्शन शानदार फॉर्म में चल रहे थे। उन्होंने श्रीलंका दौरे पर लगातार दो शतक लगाकर अपनी बल्लेबाजी का दम दिखाया था।

इसके बाद चोट के कारण उन्हें रिहैबिलिटेशन के लिए बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस भेजा गया। यहां मेडिकल और स्पोर्ट्स साइंस टीम की निगरानी में उनकी फिटनेस पर लगातार काम किया जा रहा था।

सुदर्शन ने रिहैब के दौरान बल्लेबाजी शुरू कर दी थी। इसके अलावा उन्होंने फील्डिंग और फिटनेस ड्रिल में भी हिस्सा लेना शुरू कर दिया था। इसके बावजूद मेडिकल टीम का मानना है कि वह अभी पांच दिन के टेस्ट मैच में खेलने के लिए पूरी तरह तैयार नहीं हैं।

चोट में सुधार, लेकिन टेस्ट क्रिकेट के लिए फिट नहीं

मेडिकल टीम के आकलन के मुताबिक सुदर्शन की चोट में काफी सुधार हुआ है, लेकिन पूरी तरह फिट होने के लिए उन्हें अभी और समय की जरूरत है। टेस्ट क्रिकेट में लगातार कई दिनों तक बल्लेबाजी और फील्डिंग करनी होती है। ऐसे में टीम प्रबंधन खिलाड़ी को लेकर किसी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहता।

इसी वजह से सुदर्शन को श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज से बाहर रखने का फैसला किया गया है। भारतीय टीम के लिए यह बड़ा झटका इसलिए भी है क्योंकि सुदर्शन को टेस्ट टीम में अपनी जगह मजबूत करने का मौका मिल रहा था।

पडिक्कल को नंबर-3 पर मिल सकता है मौका

सुदर्शन के बाहर होने के बाद सबसे बड़ा सवाल नंबर-3 की बल्लेबाजी को लेकर है। मौजूदा परिस्थितियों में देवदत्त पडिक्कल इस स्थान के सबसे बड़े दावेदार नजर आ रहे हैं।

पडिक्कल ने श्रीलंका इलेवन के खिलाफ तीन दिवसीय वॉर्म-अप मैच में शतक लगाकर टीम प्रबंधन को मजबूत संकेत दिया है। उनका यह प्रदर्शन ऐसे समय आया है जब टीम को नंबर-3 पर एक भरोसेमंद बल्लेबाज की जरूरत है।

अगर पडिक्कल को पहले टेस्ट में मौका मिलता है तो यह उनके लिए खुद को टेस्ट टीम में स्थापित करने का बड़ा अवसर होगा। घरेलू क्रिकेट और भारत-ए के स्तर पर प्रदर्शन के बाद अब उन्हें अंतरराष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट में लगातार मौके मिलने की उम्मीद है।

सरफराज खान भी रिप्लेसमेंट की दौड़ में

साई सुदर्शन की जगह भारतीय टेस्ट टीम में किस खिलाड़ी को शामिल किया जाएगा, इस पर फिलहाल आधिकारिक फैसला सामने नहीं आया है। हालांकि, रिपोर्ट्स के अनुसार सरफराज खान को रिप्लेसमेंट के तौर पर टीम में शामिल किए जाने की संभावना है।

सरफराज लंबे समय से भारतीय टेस्ट टीम के विकल्पों में शामिल रहे हैं और घरेलू क्रिकेट में उनका प्रदर्शन प्रभावशाली रहा है। ऐसे में मध्यक्रम में अतिरिक्त बल्लेबाजी विकल्प के तौर पर उनका नाम स्वाभाविक रूप से सामने आया है।

हालांकि, अंतिम फैसला चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन को करना है। रिप्लेसमेंट की घोषणा के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि सुदर्शन की जगह किस खिलाड़ी को टीम में शामिल किया जाता है।

पहले से ही चोटों से परेशान है टीम इंडिया

साई सुदर्शन के बाहर होने से भारतीय टीम की चोटों की समस्या और बढ़ गई है। श्रीलंका दौरे से पहले ही कई प्रमुख खिलाड़ी चोटों के कारण टीम से बाहर हैं।

तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट के कारण पूरी टेस्ट सीरीज से बाहर हो चुके हैं। वहीं ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर हैमस्ट्रिंग इंजरी के चलते पहले टेस्ट में उपलब्ध नहीं होंगे।

इसके अलावा हर्षित राणा हैमस्ट्रिंग की चोट, नीतीश कुमार रेड्डी क्वाड्रिसेप्स की समस्या और आकाश दीप पीठ की चोट के कारण टीम के लिए उपलब्ध नहीं हैं।

यानी श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज शुरू होने से पहले भारतीय टीम को कई अहम खिलाड़ियों की फिटनेस से जुड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

कप्तान शुभमन गिल की फिटनेस पर भी नजर

भारतीय टीम के लिए एक और चिंता कप्तान शुभमन गिल की फिटनेस को लेकर है। गिल के दाएं हाथ की अनामिका उंगली में चोट लगी है। इसी वजह से एहतियात के तौर पर उन्होंने वॉर्म-अप मैच में हिस्सा नहीं लिया।

हालांकि, उनकी चोट को गंभीर नहीं माना जा रहा है और उम्मीद है कि वह पहले टेस्ट से पहले पूरी तरह फिट हो जाएंगे। बीसीसीआई की मेडिकल टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है।

अगर गिल समय पर फिट हो जाते हैं तो टीम इंडिया को राहत मिलेगी, क्योंकि टेस्ट सीरीज में कप्तान की भूमिका के साथ-साथ उनकी बल्लेबाजी भी टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण होगी।

15 अगस्त से शुरू होगी टेस्ट सीरीज

भारत और श्रीलंका के बीच दो टेस्ट मैचों की सीरीज 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगी। सीरीज का दूसरा मुकाबला 23 अगस्त से कोलंबो के एसएससी मैदान पर खेला जाएगा।

यह सीरीज वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025-27 का हिस्सा है। ऐसे में दोनों टीमों के लिए इन मुकाबलों का महत्व काफी ज्यादा है। भारत जहां मजबूत शुरुआत के साथ डब्ल्यूटीसी चक्र में महत्वपूर्ण अंक हासिल करना चाहेगा, वहीं श्रीलंका घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर भारतीय टीम को चुनौती देने की कोशिश करेगा।

सुदर्शन का अब तक का टेस्ट रिकॉर्ड

साई सुदर्शन ने अब तक भारत के लिए 7 टेस्ट मैच खेले हैं। इस दौरान उन्होंने 12 पारियों में 31.91 की औसत से 383 रन बनाए हैं। उनके नाम टेस्ट क्रिकेट में तीन अर्धशतक हैं।

वनडे क्रिकेट में भी सुदर्शन ने अब तक तीन मुकाबले खेले हैं, जिसमें उन्होंने 127 रन बनाए हैं। उनका वनडे औसत 63.50 रहा है और उन्होंने दो अर्धशतक लगाए हैं।

टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में उन्हें अभी तक सिर्फ एक मुकाबला खेलने का मौका मिला है।

सुदर्शन की बल्लेबाजी तकनीक और घरेलू क्रिकेट के प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें भारतीय टेस्ट टीम में भविष्य के महत्वपूर्ण बल्लेबाजों में गिना जा रहा है। ऐसे में चोट के कारण श्रीलंका सीरीज से बाहर होना उनके लिए भी बड़ा झटका है।

अब टीम इंडिया के सामने क्या चुनौती?

साई सुदर्शन के बाहर होने के बाद भारतीय टीम प्रबंधन के सामने सबसे बड़ी चुनौती मध्यक्रम का संतुलन बनाए रखने की होगी। नंबर-3 पर बल्लेबाजी करने वाला खिलाड़ी नई गेंद के खिलाफ पारी को संभालने और जरूरत पड़ने पर लंबी पारी खेलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

पडिक्कल के पास वॉर्म-अप मैच में शतक के रूप में सकारात्मक प्रदर्शन मौजूद है। ऐसे में उन्हें मौका मिलने की संभावना मजबूत दिखाई दे रही है। दूसरी ओर, सरफराज खान को टीम में शामिल किया जाता है तो भारत के पास मध्यक्रम में एक और आक्रामक बल्लेबाजी विकल्प मौजूद होगा।

फिलहाल सबकी नजर बीसीसीआई की अंतिम टीम घोषणा और खिलाड़ियों की फिटनेस रिपोर्ट पर है। श्रीलंका के खिलाफ पहला टेस्ट शुरू होने तक भारतीय टीम में कुछ और बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

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