
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वाराणसी और केदारनाथ का दो दिवसीय दौरा 24 और 25 अक्टूबर को प्रस्तावित है। इस दौरान प्रधानमंत्री उत्तर प्रदेश में औद्योगिक और विकास संबंधी कार्यक्रमों में शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा वाराणसी के नमो घाट पर आयोजित भारतीय वायुसेना के विशेष एयर शो ‘विंग्स ओवर गंगा’ में उनकी मौजूदगी प्रस्तावित है। दौरे के दूसरे दिन उत्तराखंड के केदारनाथ धाम में दर्शन-पूजन और केदारनाथ कॉरिडोर के विकास कार्यों की समीक्षा भी कार्यक्रम का हिस्सा बताई गई है।
वाराणसी में 25 अक्टूबर को मुख्य कार्यक्रम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में रविवार, 25 अक्टूबर को उनका प्रमुख सार्वजनिक कार्यक्रम प्रस्तावित है। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, प्रधानमंत्री सेवापुरी क्षेत्र में एक औद्योगिक इकाई का उद्घाटन कर सकते हैं। इस दौरान शहर के विकास और रोजगार से जुड़े कार्यक्रम भी रखे जाने की संभावना है।
रिपोर्टों में वाराणसी की अरविंद मिल इकाई का जिक्र किया गया है, जहां प्रधानमंत्री के प्रशिक्षित महिला कर्मचारियों से संवाद करने का कार्यक्रम भी प्रस्तावित है। इस दौरे के जरिए औद्योगिक निवेश, रोजगार और स्थानीय विकास से जुड़े प्रयासों पर ध्यान दिया जा सकता है।
नमो घाट पर ‘विंग्स ओवर गंगा’ एयर शो
प्रधानमंत्री के दौरे का प्रमुख आकर्षण गंगा नदी के ऊपर होने वाला भारतीय वायुसेना का एयर शो है। ‘विंग्स ओवर गंगा’ नाम से आयोजित इस प्रदर्शन में लड़ाकू विमानों और वायुसेना की प्रदर्शन टीमों के करतब दिखाए जाने की योजना है।
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, कार्यक्रम में राफेल, सुखोई और तेजस जैसे लड़ाकू विमानों के साथ सूर्य किरण एरोबेटिक टीम और सारंग हेलीकॉप्टर प्रदर्शन टीम भी शामिल हो सकती हैं। इस आयोजन का उद्देश्य भारतीय वायुसेना की परिचालन क्षमता, आधुनिक तकनीक और पायलटों के कौशल को प्रदर्शित करना है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित कई वरिष्ठ नेताओं और अधिकारियों के भी कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है। एयर शो को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की उम्मीद है।
वाराणसी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
प्रधानमंत्री के प्रस्तावित आगमन और एयर शो को देखते हुए वाराणसी प्रशासन ने सुरक्षा तथा यातायात प्रबंधन की तैयारियां तेज की हैं। नमो घाट और आसपास के क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाई गई है। रिपोर्टों के अनुसार, नमो घाट के पांच किलोमीटर के दायरे में ड्रोन और अन्य मानवरहित उड़ने वाले उपकरणों के संचालन पर प्रतिबंध लगाया गया है।
भीड़ को नियंत्रित करने, आपातकालीन सेवाओं तक पहुंच बनाए रखने और यातायात सुचारु रखने के लिए पुलिस की तैनाती की गई है। आम लोगों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा से पहले स्थानीय प्रशासन की यातायात संबंधी एडवाइजरी देखें। सुरक्षा नियमों का पालन करना और प्रतिबंधित क्षेत्र में ड्रोन नहीं उड़ाना जरूरी है।
केदारनाथ में विकास कार्यों की समीक्षा
वाराणसी के कार्यक्रमों के बाद प्रधानमंत्री के उत्तराखंड स्थित केदारनाथ धाम जाने का भी प्रस्तावित कार्यक्रम है। वहां वे बाबा केदार के दर्शन-पूजन कर सकते हैं और केदारनाथ कॉरिडोर में चल रहे विकास तथा पुनर्निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा ले सकते हैं।
केदारनाथ में सड़क संपर्क, श्रद्धालुओं के लिए सुविधाएं, सुरक्षा व्यवस्था और तीर्थस्थल के आसपास बुनियादी ढांचे का विकास प्रमुख विषयों में शामिल हैं। प्रधानमंत्री की समीक्षा के दौरान परियोजनाओं की प्रगति और उन्हें समय पर पूरा करने से जुड़े पहलुओं पर चर्चा होने की संभावना है।

विकास और आस्था पर रहेगा फोकस
प्रधानमंत्री का प्रस्तावित दौरा धार्मिक आस्था, औद्योगिक गतिविधियों और बुनियादी ढांचे के विकास से जुड़ा है। वाराणसी में एयर शो और औद्योगिक कार्यक्रमों के जरिए सार्वजनिक सहभागिता और रोजगार पर ध्यान रहेगा, जबकि केदारनाथ में तीर्थयात्रियों के लिए सुविधाओं और विकास परियोजनाओं की समीक्षा की जा सकती है।
दौरे का विस्तृत कार्यक्रम और समय संबंधित आधिकारिक घोषणाओं के अनुसार बदल सकता है। इसलिए वाराणसी और केदारनाथ जाने वाले लोगों को सुरक्षा, यातायात और यात्रा संबंधी ताजा सरकारी निर्देशों पर नजर रखनी चाहिए।




