टॉप न्यूज़विदेश

Hormuz Route Deal : पश्चिम एशिया में तनाव के बीच ईरान और ओमान होर्मुज के नए समुद्री मार्ग पर सहमत

पश्चिम एशिया में तनाव के बीच राहत की खबर, होर्मुज स्ट्रेट के नए मार्ग पर ईरान-ओमान में बनी सहमति

तेहरान/मस्कट: पश्चिम एशिया में लगातार बढ़ रहे तनाव के बीच क्षेत्र से एक महत्वपूर्ण और राहत देने वाली खबर सामने आई है। ईरान और ओमान ने रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों के प्रवेश और निकास के लिए नए मार्ग तय करने पर सहमति जताई है। इस घटनाक्रम को क्षेत्रीय समुद्री आवाजाही के लिहाज से अहम माना जा रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक, ईरानी अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि दोनों देशों के बीच हुई बातचीत के बाद होर्मुज स्ट्रेट में नए एंट्री और एग्जिट रूट को लेकर सहमति बनी है। दोनों देशों की ओर से इस समझौते की जानकारी क्षेत्र के अन्य खाड़ी देशों के साथ साझा करने की तैयारी है।

मस्कट की बैठक में सामने रखी जाएगी जानकारी

ईरानी अधिकारियों के अनुसार, नए समुद्री मार्गों को लेकर हुई बातचीत के नतीजों को आगामी सोमवार को मस्कट में होने वाली क्षेत्रीय बैठक में रखा जाएगा। इस बैठक में खाड़ी क्षेत्र के देशों के प्रतिनिधियों को समझौते और नए रूट से जुड़ी जानकारी दी जा सकती है।

होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है। फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ने वाला यह जलमार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद अहम माना जाता है। ऐसे में यहां जहाजों की आवाजाही से जुड़ा कोई भी बदलाव अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण हो जाता है।

तनाव के बीच आया नया घटनाक्रम

ईरान और ओमान के बीच नए रूट को लेकर बनी सहमति ऐसे समय में सामने आई है, जब पश्चिम एशिया में तनाव लगातार बढ़ा हुआ है। हाल के घटनाक्रमों के कारण होर्मुज स्ट्रेट को लेकर सुरक्षा चिंताएं भी बढ़ी हैं। अंतरराष्ट्रीय व्यापार और तेल आपूर्ति पर इसके संभावित प्रभाव को लेकर कई देशों की नजर इस क्षेत्र पर बनी हुई है।

इससे पहले ईरान की ओर से होर्मुज स्ट्रेट के बाहर एक ‘Restricted Entry Area’ बनाने की बात कही गई थी। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल से जुड़े अधिकारी मोहसिन रेजाई ने संकेत दिया था कि ऐसे क्षेत्र के जरिए संदिग्ध जहाजों की आवाजाही पर नजर रखी जा सकती है।

अमेरिकी कार्रवाई से भी बढ़ा था तनाव

हाल के दिनों में अमेरिका और ईरान के बीच भी टकराव की स्थिति देखने को मिली है। रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने ईरानी तेल टैंकरों के खिलाफ कार्रवाई की थी। यह कदम ईरान की ओर से अमेरिकी युद्धपोतों पर बैलिस्टिक मिसाइल हमलों के बाद उठाया गया था।

ऐसे माहौल में ईरान और ओमान के बीच होर्मुज स्ट्रेट के नए प्रवेश-निकास मार्ग पर सहमति को क्षेत्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है। अब मस्कट में होने वाली बैठक में इस समझौते की विस्तृत जानकारी सामने आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि नए समुद्री मार्गों के संचालन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।

Related Articles

Back to top button