Sunday , February 1 2026

UP: एक जैसा नाम… सौतेला भाई होता रहा बदनाम, गैंगस्टर हुलिया बदल देता रहा चकमा, नौ साल बाद हुआ गिरफ्तार

बरेली में गैंगस्टर राहुल सोनकर नौ साल तक पुलिस को चकमा देता रहा। वह हुलिया बदलकर शहर में रहता रहा। पुलिस उसी के नाम के उसके सौतेले भाई राहुल को पकड़ ले जाती थी। कोर्ट में जब हकीकत खुलती थी तो उसे छोड़ा जाता था। नौ साल बाद गैंगस्टर पकड़ा गया तो उसकी सारी हकीकत खुली।

बरेली में कोर्ट से नौ साल से वांछित चल रहे गैंगस्टर राहुल सोनकर को जगतपुर चौकी प्रभारी सनी चौधरी ने टीम के साथ गिरफ्तार कर लिया। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया। कागजों में फरार ये शातिर हुलिया बदलकर शहर में ही परिवार के साथ रह रहा था। वहीं, लगातार वारंट जारी होने से पुलिस की किरकिरी हो रही थी।

बारादरी के संजयनगर होली चौराहा का रहने वाला राहुल सोनकर बेहद शातिर बदमाश है। उस पर वर्ष 2016 में फतेहगंज पूर्वी थाना पुलिस ने लूट का मुकदमा दर्ज किया था। फिर बारादरी पुलिस ने उस पर गैंगस्टर की कार्रवाई की थी। इसकी विवेचना इज्जतनगर थाने से हो रही थी।

कुछ समय बाद वह जमानत पर छूट गया था। इसके बाद से राहुल अपने पते पर नहीं रह रहा था, इसलिए अदालत से जारी गैरजमानती वारंट तामील नहीं हो पा रहा था। कोर्ट ने बारादरी पुलिस से नाराजगी जाहिर कर एसएसपी अनुराग आर्य को पत्र लिखा था।

इसके बाद एसएसपी ने सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव के नेतृत्व में टीम गठित कर राहुल की गिरफ्तारी के निर्देश दिए। सटीक सूचना पर जगतपुर चौकी प्रभारी सनी चौधरी व टीम ने राहुल को हास मियां की मजार के पास से सोमवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। 

दाढ़ी बढ़ा ली, रौबदार है चेहरा
पुलिस के मुताबिक राहुल के खिलाफ पांच साल पहले वारंट जारी हुआ तो उसे तलाशा गया। उसके खिलाफ सात से ज्यादा केस दर्ज थे। इस दौरान राजस्थान समेत दूसरे राज्यों में रहकर उसने मजदूरी की। इस दौरान राहुल ने शादी कर ली, उसकी पत्नी गर्भवती है। मां भी साथ रहती हैं। पुलिस उसका पुराना फोटो लेकर उसे तलाश कर रही थी लेकिन अब उसने दाढ़ी बढ़ाकर चेहरा रौबदार बना लिया था। उसके पुराने दोस्त को पकड़कर मुखबिरी ली गई तो राहुल को पकड़ा जा सका।

कई बार पकड़ा गया भाई राहुल
बारादरी थाना प्रभारी धनंजय पांडेय ने बताया कि राहुल के सौतेले भाई का नाम भी राहुल है और वह एक अस्पताल में काम करता है। वह काफी सीधा है। अक्सर जब कोर्ट का समन आता था तो पुलिस दूसरे राहुल को पकड़ लेती थी।

चूंकि पिता का नाम भी एक ही होता था इसलिए दूसरे राहुल का चालान कर दिया जाता था। फिर कोर्ट में जब हकीकत खुलती थी तो उसे छोड़ा जाता था। इस बार पूरी पड़ताल के बाद असली राहुल की गिरफ्तारी की गई है। इसकी मां का नाम विमला देवी है। सौतेले भाई राहुल की मां कंचन की मौत हो चुकी है।

सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि शातिर राहुल सोनकर को टीम ने गिरफ्तार कर तमंचा और कारतूस बरामद किया है। राहुल ने बताया कि तमंचा उसने राजस्थान में रहने के दौरान खरीदा था। राहुल के खिलाफ आर्म्स एक्ट की रिपोर्ट दर्ज कर कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया।

Check Also

Budget 2026: नॉर्थ ईस्ट को सरकार के पिटारे से क्या-क्या मिला? यहां जानें डिटेल

नॉर्थ ईस्ट के विकास को नई उड़ान: निर्मला सीतारमण के बजट 2026 में उत्तर-पूर्व के …