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Death Amid Addiction : नशे की लत ने ली युवक की जान, घर के कमरे में फंदे से झूलता मिला शव — पूरे गांव में मातम

कन्नौज जनपद के सदर कोतवाली क्षेत्र के अलियापुर गांव में सोमवार देर शाम एक बेहद दर्दनाक घटना ने पूरे गांव को शोक में डूबो दिया। परिवार की आंखों के सामने एक 30 वर्षीय युवक ने अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। शराब और नशे की लत ने अंततः उसकी जिंदगी छीन ली।

घटना कैसे हुई — कमरे में अकेला था युवक

जानकारी के अनुसार, मृतक अजय राजपूत (30) लंबे समय से शराब और गांजा का सेवन करता था। परिजनों ने बताया कि घटना के समय भी वह भारी मात्रा में शराब के नशे में था। घर पहुंचने के बाद वह अपने कमरे में चला गया और काफी देर तक बाहर नहीं आया।

जब काफी समय बीत गया और अजय ने दरवाजा नहीं खोला, तो परिजनों का शक बढ़ा। परिवार के सदस्य जबरन दरवाजा खोलकर अंदर पहुंचे तो उन्होंने अजय को छत के हुक से दुपट्टे के सहारे फंदे पर लटकता देखा। यह दृश्य देखकर परिजनों की चीख निकल गई।

गांव में मचा हड़कंप — भीड़ उमड़ी

घटना की खबर फैलते ही पूरा गांव घर के बाहर इकट्ठा हो गया। कुछ लोगों ने परिजनों को संभाला, जबकि अन्य ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। गांव वाले बताते हैं कि अजय कुछ समय से नशे की वजह से मानसिक तनाव में दिख रहा था, लेकिन परिवार को अंदेशा नहीं था कि वह इतना बड़ा कदम उठा लेगा।

पुलिस की कार्रवाई — कमरे की बारीकी से जांच

सूचना मिलते ही सदर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस टीम ने कमरे का निरीक्षण किया और प्राथमिक साक्ष्य जुटाए। इसके बाद शव को नीचे उतरवाकर कब्जे में ले लिया गया।

पुलिस ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत का वास्तविक कारण स्पष्ट होगा।
शव को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया गया है।

परिवार का हाल — भाई रामप्रकाश ने बताया घर की स्थिति

मृतक के भाई रामप्रकाश ने बताया कि अजय पिछले कुछ वर्षों से शराब और गांजा के नशे का आदी हो गया था। परिवार कई बार उसे समझाता रहा, इलाज कराने की कोशिशें भी की गईं, लेकिन अजय अपनी लत से बाहर नहीं निकल पाया।

रामप्रकाश ने कहा कि—

“मैंने कई बार अजय को शराब छोड़ने के लिए समझाया, लेकिन वह हर बार नशे के प्रभाव में विवाद करने लगता था। हम लोग उसका इलाज भी कराना चाहते थे, लेकिन वह खुद तैयार नहीं हुआ।”

परिवार के अनुसार, नशे की वजह से अजय का व्यवहार बदल गया था और वह कई बार अवसाद और अकेलेपन में देखा जाता था।

गांव का माहौल — हर कोई स्तब्ध

अजय की मौत के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। ग्रामीणों ने बताया कि अजय स्वभाव से अच्छा था, लेकिन नशे ने उसकी जिंदगी बदलकर रख दी थी। लोगों का कहना है कि अगर समय पर इलाज होता तो शायद उसकी जान बच सकती थी।

पुलिस जांच जारी

पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
सदर कोतवाली प्रभारी ने बताया कि—

“पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। परिवार जनों से भी विस्तृत बयान लिए जा रहे हैं।”

नशे की लत और बढ़ते आत्महत्या के मामले

इस घटना ने एक बार फिर नशे की लत के खतरनाक परिणामों को उजागर किया है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, नशा व्यक्ति के मानसिक संतुलन को प्रभावित करता है, जिससे अवसाद, तनाव और आत्महत्या जैसी घटनाएं बढ़ती हैं।

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