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Kannauj Hospital Controversy : कन्नौज छिबरामऊ 100 शैय्या अस्पताल में बिना सर्जन के मरीज का ऑपरेशन

कन्नौज जिले के छिबरामऊ 100 शैय्या अस्पताल में एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अस्पताल में मरीज का बिना सर्जन के ऑपरेशन किया गया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में दिख रहा है कि ऑपरेशन करते समय एनेस्थेटिक डॉक्टर और कुछ स्टाफ नर्स मौजूद थे, जबकि सर्जन बाहर से बुलाया गया। यह घटना स्वास्थ्य सेवाओं में गंभीर लापरवाही और मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ का सबूत है।


जानकारी के अनुसार, छिबरामऊ 100 शैय्या अस्पताल में मरीजों पर गंभीर ऑपरेशन किए जा रहे हैं, लेकिन अक्सर सर्जन की अनुपस्थिति में बाहर से डॉक्टर बुलाकर ऑपरेशन किए जा रहे हैं। वीडियो में दिख रहा है कि एनेस्थेटिक डॉक्टर विपिन सचान, और दो स्टाफ नर्स अर्चना कटियार और वंदना ऑपरेशन कर रहे हैं। साथ ही एक अन्य युवक भी ऑपरेशन में शामिल नजर आया, जो अस्पताल का कर्मचारी नहीं बताया गया।

इस वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि ऑपरेशन के दौरान मरीज की सुरक्षा और अस्पताल में नियमों का पालन सख्त तौर पर नहीं किया गया। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना योग्य सर्जन के ऑपरेशन करना मरीज की जान के लिए गंभीर खतरा है और यह स्वास्थ्य सेवा में घोर लापरवाही है।


छिबरामऊ 100 शैय्या अस्पताल का यह कोई पहला विवाद नहीं है। अस्पताल आए दिन सुर्खियों में रहता है और स्वास्थ्य सेवाएं राम भरोसे चल रही हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि अस्पताल में कई बार सर्जन की अनुपस्थिति में ऑपरेशन किए जाते रहे हैं, जिससे मरीजों की जान पर लगातार खतरा बना रहता है।

स्थानीय अधिकारियों ने भी इस अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर गंभीर चिंता जताई है और कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और नियमों का पालन सुनिश्चित करना आवश्यक है।


वीडियो वायरल होने के बाद लोग सोशल मीडिया पर अस्पताल की व्यवस्थाओं और लापरवाही की कड़ी आलोचना कर रहे हैं। कई लोग प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि बिना योग्य सर्जन के ऑपरेशन पर तुरंत रोक लगाई जाए और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि स्वास्थ्य सेवाओं में इस तरह की लापरवाही किसी भी समय जानलेवा हो सकती है, और अस्पताल में मरीजों की सुरक्षा प्राथमिकता होनी चाहिए।

स्थानीय स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन को मामले की जानकारी दे दी गई है। प्रशासन द्वारा तत्काल जांच के आदेश दिए गए हैं, और इस बात की पुष्टि की जाएगी कि मरीज के साथ किसी प्रकार की अनुचित या खतरनाक प्रक्रिया तो नहीं की गई।

साथ ही, अस्पताल में नियमों का पालन, सर्जन की मौजूदगी, और ऑपरेशन की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सख्त निगरानी लागू करने की योजना बनाई जा रही है।


छिबरामऊ 100 शैय्या अस्पताल में बिना सर्जन ऑपरेशन का मामला यह स्पष्ट करता है कि स्वास्थ्य सेवा की गंभीर कमी और नियमों की अवहेलना हो रही है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो ने स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन के लिए चेतावनी का काम किया है।

इस घटना ने यह संदेश भी दिया कि मरीजों की सुरक्षा और अस्पताल के नियमों का पालन सर्वोपरि होना चाहिए। जिम्मेदार अधिकारियों और प्रशासन के कदम उठाने से ही मरीजों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकती है।

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